न्याय के लिए उठ खड़ी हुई गंगापुर की जनता, लेकिन रामकेश – किरोड़ी हाइड्रामे में झूलते रहे समर्थक

न्याय के लिए उठ खड़ी हुई गंगापुर की जनता, लेकिन रामकेश – किरोड़ी हाइड्रामे में झूलते रहे समर्थक

आज का दिन गंगापुर शहर के लिए एक फुल वोल्टेज से भरा रहा, दिनभर 440 वोल्ट के झटके लगते रहे कभी #प्रशासन को तो कभी #जनता को….और हो भी तो क्यो नही…इस शहर को यहाँ के प्रसाशन में इस गंगापुर को योगी की #UP की तरह बेहाल कर रखा हैं.. बच्चें मरते हैं.. तो मरने दो…दुकानों के ताले टूटते हैं तो टूटने तो…तुम तो हमें बस पैसे दो….और ऐसे हुआ यहाँ बिगत दिनों में …दो दो #रहस्यमय मौत… और प्रशासन फिर भी अंजान बना रहा…और आज उन्हीं हत्याकांडो की सटीक जांच की मांग को लेकर मीणा समाज के दो दिग्गज नेता आज गंगापुर में धरने पर बैठे हुए थे…एक तरफ थे यहाँ के निवासी और पूर्व विधायक रामकेश मीणा जी और दूसरी तरफ थे लालसोट विधायक और जन आंदोलनों के प्रेणता डॉ किरोड़ीलाल मीना ….दोनों की एक मांग थी …न्याय….

ये था मामला

गंगापुर सिटी में डॉ, किरोड़ी लाल मीणा का धरना प्रदर्शन करते हुए, विन्ज़ारी गांव के एक लड़के राजीव मीना जो जलदाय विभाग करोली मे लिपक था । और राजीव की 2 जनबरी को संदिग्ध हालतों में मौत हो गई थी।

 जिसकी FIR बड़ी मुश्किल से दर्ज की गई थी और राजीव का शव  परिस्थितियों में मौत को लेकर जांच करने वाले अधिकारियों को संस्पेंड कीया जाय ओर पुलिस चौकी उदैई मोड़ के कर्मचारीयो को तुरंत लाइन हाज़र किया जाने की बाते की ओर, ज़िला कलेक्टर सवाई माधोपुर ने तुरंत चौकी प्रभारी को जो10 दिन पहले ही जॉइन कीया है उसको छोड़कर पूरी चौकी लाइन हाज़र कर दिया है, करतार सिंह को निलंबित किया गया हैं जिससे ने3000 हजार रुपया लेकर दोषीयो को छोड़ा था।

इस सबके बीच मे गंगापुर की जनता के बीच आज दिनभर कुछ और ही चर्चा का विषय बना रहा  और वे दो मुद्दे थे .एक भीड़…और दूसरा मीनायो की हीट….

अल सुबह ही रामकेश मीणा सामान्य अस्पताल के बाहर अपने कांग्रेस समर्थको के साथ धरने पर बैठ गए थे, जहाँ पर धीरे धीरे सभी लोग एकत्रित हुए। 

और गंगापुर पुलिस प्रशासन को खूब खरी खोटी सुनाई। उसके बाद रामकेश मीणा पूरे दल के साथ रैली के रूप में अस्पताल से मिनी सचिवालय की तरफ निकले, जिन्हें एक बार रास्ते मे पुलिस ने रोक लिया। इसका समर्थको ने जबरदस्त विरोध किया। उसके बाद कांग्रेस के सभी नेता मिनी सचिवालय के अंदर जाकर धरने पर बैठ गए और जिला कलेक्टर सहित पूरे प्रशासन को बाहर बुलाने पर अड़ गए

तभी किरोड़ी के पहुँचने से प्रशासन को लगा 440 वोल्ट का झटका 

इसी बीच राजस्थान के कद्दावर नेता डॉ किरोड़ीलाल मीणा भी गंगापुर सिटी पहुँच गए औऱ उनके साथ मे युवा समर्थकों की बड़ी फौज थी। उन्हें देखकर पूरा प्रशासन कांप उठा, लेकिन प्रशासन को बड़ी राहत तब मिली जब डॉ किरोड़ी समर्थक अंदर ना जाकर अलग से सड़क के बाहर ही धरने पर बैठ गए।इससे पूरी भीड़ दो धड़ो में बट गई। 

इससे प्रशासन को कुछ सोचने के लिए वक्त मिल गया। डॉ किरोड़ी लाल मीणा के धरना स्थल पर पहुंचने के बाद काफी संख्या में समर्थक वहां पर एकजुट हो गए और सड़क पर उन्होंने धरना दिया और इसी बीच अंदर कांग्रेस समर्थकों का धरना जारी रहा लेकिन जनता इसी उहापोह में रही कि वह किसके साथ जाए और गंगापुर की आम जनता के बीच में दिनभर यह बात चलती रही कि यह दोनों अलग-अलग धरना क्यों दे रहे हैं दोनों एक साथ मिलकर काम करते तो शायद आज ही न्याय मिल जाता लेकिन यह दोपहर तक ऐसे ही चलता रहा और शाम को पंखीलाल मीणा जी के प्रयासों के बाद राह खुली। इससे पहले डॉ बिलाल समर्थक कुछ लोग उप जिला कलेक्टर को ज्ञापन देने के लिए अंदर गए और डॉ लाल जी के यहां तक चेतावनी दे डाली की गर स्टाफ को लाइन हाजिर नहीं किया तो वह रेल की पटरी पर बैठ जायेंगे

आखिर में कुछ बात बनी
इस घटनाक्रम के बाद डॉक्टर समर्थक भी मिनी सचिवालय के अंदर कांग्रेस समर्थकों के साथ में धर्मस्थल में शामिल हुए इसकी पहल पंक्ति लाल मीणा ने की और उसके बाद में प्रशासन पर दबाव बनाने के बाद 12 पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर करने की कार्यवाही हुई और उचित न्याय की उम्मीद बनी

अब कई सवाल पैदा हो गए है 

लेकिन सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब समाज की लडाई में समाज के दो दिग्गज नेता एक मंच पर बैठने को तैयार नहीं हो रहे हैं तो आने वाले चुनावों में क्या मीणा समाज अपने वोटों का वजूद बचाके रख पाएगा । यह सवाल गंगापुर की आम जनता के बीच में कल दिन भर चलता रहा और BJP ने यह माना कि यदि यही चलता रहा तो पक्का है कि गंगापुर सिटी से फिर से एक बार BJP की सरकार बनाने में सहयोग रहेगा क्योंकि मीणा समुदाय के वोट कांग्रेस और डॉक्टर के बीच में बटना पक्का तय माना जा रहा है और उन वोटों के बेस पर यह दोनों ही जीत नहीं पाएंगे और BJP सीट बचा पाएगी।